अयोध्या, दर्शन नगर स्थित राजर्षि दशरथ स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय के गेट नंबर 1 वा 2 के ठीक सामने नगर निगम की खाली भूमि पर विकास प्राधिकरण द्वारा प्रस्तावित निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय दवा व्यापारियों में रोष व्याप्त है।
विकास प्राधिकरण यहां बाउंड्री वॉल बनाकर भूमि पर निर्माण कार्य शुरू करने जा रहा है, जिससे लगभग 25 से 30 दवा दुकानदारों के साथ साथ 70 से 90 छोटे दुकानदार वहां पर ठेले पर फल फ्रूट की भी बिक्री करते हैं उनके व्यवसाय पर गहरा असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
दवा व्यापारियों का कहना है कि यह खाली भूमि वर्तमान में मरीजों और उनके तीमारदारों के लिए अस्थायी पार्किंग और बैठने की जगह के रूप में काम आ रही है। मेडिकल कॉलेज में दूर-दराज के जिलों से प्रतिदिन हजारों मरीज आते हैं। यदि यहां बाउंड्री वॉल बनाकर निर्माण शुरू हो गया तो आने-जाने वाले मरीजों व उनके परिजनों को वाहन पार्क करने और इंतजार के दौरान बैठने के लिए कोई सुविधाजनक स्थान नहीं मिलेगा, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। साथ ही, दवा दुकानों तक पहुंचने में भी दिक्कत होगी, जिससे उनका कारोबार प्रभावित होगा।
इस समस्या को लेकर आज सुबह दवा व्यापारियों ने महापौर से मुलाकात की और शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने मांग की कि भूमि पर बाउंड्री वॉल बनाने के बजाय यहां पार्किंग की सुविधा विकसित की जाए, ताकि मरीजों को राहत मिले और दवा व्यापारियों का भी नुकसान न हो। इस दौरान मेडिकल एसोसिएशन के सभी सदस्य भी मौजूद रहे।
मौके पर मेडिकल एसोसिएशन के अध्यक्ष ज्ञानेंद्र तिवारी, उपाध्यक्ष रोहित बिजलानी, संरक्षक विनय तिवारी, विशाल यादव, अनुराग पाठक, अभिषेक तिवारी और रजनीश मिश्रा सहित अन्य सदस्यों ने व्यापारियों का समर्थन किया।
दवा व्यापारी उम्मीद जता रहे हैं कि महापौर उनकी समस्या को गंभीरता से लेते हुए विकास प्राधिकरण को निर्देश देंगे कि निर्माण कार्य से पहले पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। यह मामला मरीजों की सुविधा और स्थानीय व्यापारियों के हितों के बीच संतुलन की जरूरत को रेखांकित करता है।




