Friday, September 18, 2026
  • About Us
  • Contact Us
  • Home
publicnews360
  • Login
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत
No Result
View All Result
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत
No Result
View All Result
publicnews360
No Result
View All Result
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत

मोज़े में क्या है? इस बारे में गंदा सच; बैक्टीरिया, कवक, आपके पैर की उंगलियों के बीच की हर चीज़

admin by admin
August 3, 2025
in Featured
0

आपके पैर सूक्ष्मजीवों के मुख्यस्थल हैं। आपके पैरों की उंगलियों के बीच का क्षेत्र स्वेद ग्रंथियों से भरा होता है और जब हम जुराब और जूते पहन लेते हैं, तब हम वहां की नमी को एक गर्म, नम आवरण में फंसा लेते हैं जो सूक्ष्मजीवों के विकास के लिए आदर्श होता है।

वास्तव में, आपके पैर बैक्टीरिया और कवक के लिए एक छोटे से वर्षावन पर्यावास हो सकते हैं, जहां त्वचा की सतह पर प्रति वर्ग सेंटीमीटर में 100 से एक करोड़ सूक्ष्मजीव कोशिकाएं होती हैं।

पैरों में न सिर्फ सूक्ष्मजीवों की विशाल विविधता होती है – वहां प्रति व्यक्ति 1,000 विभिन्न प्रजातियां होती हैं– बल्कि शरीर के किसी भी अन्य अंग की तुलना में उनमें कवक प्रजातियों की एक विस्तृत श्रृंखला भी होती है। इसका मतलब है कि आपके पैर सिर्फ पसीने से तरबतर या बदबूदार नहीं होते हैं बल्कि वहां वास्तव में जैव विविधता होती है।

चूंकि आपके पैरों में विशाल संख्या में सूक्ष्मजीव होते हैं, इसलिए आपके जुराब इन्हीं जीवाणुओं और कवकों के लिए प्रमुख स्थान बन जाते हैं। अध्ययनों से पता चलता है कि जुराबों में हानिरहित त्वचा के जीवाणु, जैसे ‘कोएगुलेज़-नेगेटिव स्टेफिलोकोसी’, और संभावित रूप से खतरनाक रोगाणु, जैसे एस्परगिलस, स्टैफिलोकोकस, कैंडिडा, हिस्टोप्लाज्मा और क्रिप्टोकोकस, दोनों ही मौजूद होते हैं। ये सूक्ष्मजीव आपके पैरों की उंगलियों के बीच गर्म, नम जगहों में पनपते हैं तथा पसीने और मृत त्वचा कोशिकाओं से अपना आहार ग्रहण करते हैं।

उनके सह उत्पाद, जैसे वाष्पशील ‘फैटी एसिड’ और सल्फर यौगिक, ऐसे चीजें होती हैं जो पसीने से तर पैरों, जुराबों और जूतों में वह दुर्गंध पैदा करती हैं। पसीने की गंध खुद पसीने से नहीं, बल्कि उस पसीने के सूक्ष्मजीवी चयापचय से आती है। शायद आश्चर्य की बात नहीं है कि पैरों से बदबू आना इतना आम है कि एनएचएस ने इस मुद्दे पर सलाह के लिये बहुत कुछ कहा है।

जुराब का माइक्रोबायोम सिर्फ आपके पैरों से ही प्रभावित नहीं होता है बल्कि यह आपके पर्यावरण को भी दर्शाता है। जुराब हर उस सतह से सूक्ष्मजीव ग्रहण करते हैं जिस पर आप चलते हैं, जैसे घर का फर्श, ‘जिम मैट’, ‘लॉकर रूम’ और यहां तक कि आपका बगीचा भी शामिल है।

ये सूक्ष्मजीवी स्पंज की तरह काम करते हैं और मिट्टी, पानी, पालतू जानवरों के बाल और रूसी, और रोज़मर्रा की ज़िंदगी की धूल से बैक्टीरिया और फफूंद इकट्ठा करते हैं। एक अध्ययन में, सिर्फ़ 12 घंटे पहने गए जुराबों में किसी भी परीक्षण किए गए कपड़े की तुलना में सबसे ज़्यादा बैक्टीरिया और फफूंद पाए गए।

और ये रोगाणु एक जगह नहीं टिकते। आपके जुराबों में रहने वाली कोई भी चीज़ आपके जूतों, फर्श, बिस्तर और यहां तक कि आपकी त्वचा तक पहुंच सकती है। एक अस्पताल अध्ययन में, मरीज़ों द्वारा पहने जाने वाले जुराबों में फर्श के सूक्ष्मजीव, जिनमें एंटीबायोटिक-प्रतिरोधी रोगाणु भी शामिल हैं, अस्पताल के बिस्तरों तक पहुंच गए। यह याद दिलाता है कि पैरों की स्वच्छता सिर्फ एक व्यक्तिगत मुद्दा नहीं है – इसके संक्रमण नियंत्रण और जन स्वास्थ्य पर व्यापक प्रभाव पड़ सकते हैं।

बहुत बड़े संक्रमणकर्ता

‘मोज़े टिनिया पेडिस (जिसे एथलीट फुट के नाम से भी जाना जाता है)’ जैसे कवक संक्रमणों को फैलाने में भी अहम भूमिका निभा सकते हैं। यह एक बेहद संक्रामक बीमारी है जो मुख्य रूप से पैर की उंगलियों को प्रभावित करती है, लेकिन एड़ियों, हाथों या कमर तक भी फैल सकती है। यह संक्रमण ‘डर्मेटोफाइट’ फफूंद के कारण होता है, जिन्हें गर्म और नम वातावरण पसंद होता है – ठीक वैसे ही जैसे आपको पसीने से तर जुराबों और तंग जूतों में मिलते हैं।

इससे बचने के लिए, विशेषज्ञ जिम और ‘स्वीमिंग पूल’ जैसी सार्वजनिक जगहों पर नंगे पैर चलने से बचने, जुराब, तौलिये या जूते साझा न करने और पैरों की अच्छी स्वच्छता बनाए रखने की सलाह देते हैं। उनमें पैर की उंगलियों के बीच के हिस्से को अच्छी तरह धोना और सुखाना शामिल है। आमतौर पर, स्थानीय ‘एंटीफंगल’ उपचार प्रभावी होते हैं, लेकिन रोकथाम ही सबसे जरूरी है।

यह भी ध्यान रखना जरूरी है कि जुराब धोने के बाद भी उसमें ‘कवक बीजाणु’ बने रह सकते हैं। इसलिए अगर आपको ‘एथलीट फुट’ हो गया है, तो उसी जोड़ी को दोबारा पहनने से – भले ही वह साफ़ दिखे – दोबारा संक्रमण हो सकता है।

द कन्वरसेशन

Tags: मोज़े में क्या है? इस बारे में गंदा सच
Previous Post

बांदा में नाबालिग छात्रा से दुष्कर्म, पुलिस मुठभेड़ में दोनों आरोपी घायल, गिरफ्तार

Next Post

सरकार ने वनस्पति तेल विनियमन आदेश को किया अधिसूचित, हर महीने की 15 तारीख तक मासिक रिपोर्ट

Related Posts

Featured

चंद्रमा पर मिला कोलोसियम से भी बड़ा नया गड्ढा, 2024 में हुआ था शक्तिशाली टकराव; NASA ने खोजा ‘मैकगेटचिन क्रेटर’

September 17, 2026
Featured

AI की रफ्तार धीमी करने पर एकजुट हुए दिग्गज, Dario Amodei के प्रस्ताव से Sam Altman और Elon Musk भी सहमत

September 16, 2026
Featured

उम्र बढ़ने पर याददाश्त क्यों कमजोर होती है? बुजुर्गों के दिमाग में यादें मिटती नहीं, गड़बड़ी पर नया खुलासा

September 15, 2026
Featured

क्या बिल्ली-कुत्ते को भी हो सकता है बर्ड फ्लू? H5 वायरस से पालतू जानवरों को ऐसे बचाएं

September 14, 2026
Next Post

सरकार ने वनस्पति तेल विनियमन आदेश को किया अधिसूचित, हर महीने की 15 तारीख तक मासिक रिपोर्ट

Recent Posts

Graham Sanctioning Act 2026: अमेरिकी कानून को चीन ने ठुकराया, भारत ने कहा- 140 करोड़ लोगों की ऊर्जा सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
September 17, 2026
0

बीजिंग, चीन ने रूसी तेल और गैस की खरीद पर शुल्क लगाने संबंधी अमेरिकी क्षेत्राधिकार को खारिज करते हुए बृहस्पतिवार...

NCERT की ‘सारंगी भाग-1’ में कविता के चंदा मामा दूर के की दूसरी पंक्ति में विवाद, पटना हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार से मांगा जवाब

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
September 17, 2026
0

पटना उच्च न्यायालय ने राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) की एक पुस्तक में कथित तौर पर ‘‘गलत, अश्लील...

Tata Sons में बड़ा फैसला: N चंद्रशेखरन 5 साल और रहेंगे चेयरमैन, शेयर बाजार में लिस्टिंग की तैयारी; नोएल टाटा ने किया विरोध

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
September 17, 2026
0

मुंबई, टाटा संस के निदेशक मंडल ने बृहस्पतिवार को एन चंद्रशेखरन को कार्यकारी चेयरमैन के रूप में पांच साल के...

UPI भुगतान पर 0.4% MDR से व्यापारियों पर बढ़ेगा बोझ, नकदी की तरफ लौटने की तैयारी

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
September 17, 2026
0

नयी दिल्ली, बड़े मूल्य के यूपीआई लेनदेन पर 0.4 प्रतिशत ‘मर्चेंट डिस्काउंट रेट’ (एमडीआर) लगाए जाने के बीच खुदरा एवं...

लखनऊ में मोबाइल की ₹2,799 की EMI के लिए युवक को अगवा कर खून निकालने व 4 दिन बंधक बनाने के आरोप में दो गिरफ्तार

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
September 17, 2026
0

लखनऊ में मोबाइल फोन की किस्त न चुकाने पर एक युवक को अगवा करके चार दिनों तक बंधक बनाने, उससे...

हमारे बारे में Public News 360

एक विश्वसनीय न्यूज़ चैनल — पढ़ें ताज़ा समाचार, राजनीति, समाज और संस्कृति की खबरें।

संपादकीय जानकारी
प्रकाशक/संपादक:अतुल नारायण श्रीवास्तव
उप संपादक: अनुराग वर्मा
पता: फ़ैज़ाबाद-अयोध्या, उत्तर प्रदेश 224001
हमसे जुड़ें
विश्वसनीयता और पारदर्शिता के साथ।

All disputes Ayodhya jurisdiction only • सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय को संसूचित राजपत्र संख्या सी.जी.-डी.एल.-अ.-25022021-225464 दिनांक 25 फरवरी 2021 के भाग II द्वारा संचालित सर्वाधिकार सुरक्षित

  • About Us
  • Contact Us
  • Home

© 2025 publicnews360.in

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत

© 2025 publicnews360.in

×

No WhatsApp Number Found!

Join Our Whatsapp Group