लखनऊ, बंगाल की खाड़ी में विकसित हो रहा मौसमी सिस्टम चक्रवाती तूफान में बदलने की ओर बढ़ रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के अनुसार, यह तूफान 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश के तट से टकरा सकता है।
इसका असर ओडिशा के साथ देश के पूर्वी और मध्य हिस्सों के मौसम पर भी पड़ने की संभावना है। उत्तर प्रदेश के लिए जारी पूर्वानुमान के मुताबिक, पूर्वी यूपी में 29 और 30 अक्टूबर को कई स्थानों पर बारिश हो सकती है, जबकि कुछ जगहों पर भारी बारिश की भी आशंका जताई गई है।
मौसम विभाग के अनुसार, बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना अवदाब 25 अक्टूबर को गहरे अवदाब में बदलने की प्रक्रिया में था। इसके 26 अक्टूबर तक चक्रवाती तूफान और 27 अक्टूबर तक गंभीर चक्रवाती तूफान का रूप लेने की संभावना जताई गई है।
इसके बाद सिस्टम के और ताकतवर होकर 28 अक्टूबर की सुबह आंध्र प्रदेश के तट के पास पहुंचने का अनुमान है। पूर्वानुमान के मुताबिक, तट से टकराते समय हवा की निरंतर रफ्तार 115 से 125 किलोमीटर प्रति घंटा और झोंकों की गति 140 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।
उत्तर प्रदेश में इसका संभावित असर मुख्य रूप से पूर्वी हिस्सों में 29 और 30 अक्टूबर को दिखाई दे सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान में इन तारीखों पर पूर्वी यूपी में व्यापक बारिश और कुछ स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना जताई गई है।
हालांकि, राज्य के सभी जिलों के लिए एक जैसी चेतावनी नहीं है। बारिश की स्थिति और प्रभावित क्षेत्रों की तस्वीर अगले मौसम बुलेटिन के साथ अधिक स्पष्ट होगी।
चक्रवात के सीधे प्रभाव की आशंका आंध्र प्रदेश और ओडिशा के तटीय क्षेत्रों में अधिक है। ओडिशा सरकार ने संभावित भारी बारिश और तेज हवाओं को देखते हुए आपदा प्रबंधन की तैयारियां तेज कर दी हैं। संवेदनशील जिलों में राहत एवं बचाव दलों की तैनाती की गई है। मौसम विभाग ने ओडिशा के कुछ जिलों में अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी भी जारी की है।
फिलहाल, यूपी में बारिश की संभावना पूर्वानुमान पर आधारित है; चक्रवात की दिशा और तीव्रता में बदलाव होने पर मौसम का अनुमान भी बदल सकता है।