लखनऊ, उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 सीटों, जिनमें पांच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं, के लिए मतदान शुक्रवार को सुबह 8 बजे शुरू हुआ। चुनाव में सत्तारूढ़ भाजपा और समाजवादी पार्टी के बीच कड़ा मुकाबला माना जा रहा है।
ये चुनाव 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों से पहले कराए जा रहे हैं और दोनों दलों के लिए प्रतिष्ठा की लड़ाई के रूप में देखे जा रहे हैं। प्रचार अभियान बृहस्पतिवार शाम समाप्त हो गया।
लखनऊ में, चुनावों के लिए 259 मतदान केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां 1,16,491 पंजीकृत मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करने के पात्र हैं।
मतदान शाम 4 बजे तक जारी रहेगा। इन चुनावों में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) के बजाय मतपत्रों का उपयोग किया जा रहा है।
पांच स्नातक निर्वाचन क्षेत्र लखनऊ, वाराणसी, आगरा, मेरठ और इलाहाबाद-झांसी हैं, वहीं छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र लखनऊ, आगरा, वाराणसी, मेरठ, बरेली-मुरादाबाद और गोरखपुर-फैजाबाद हैं।
ये निर्वाचन क्षेत्र राज्य के सभी 75 जिलों में फैले हुए हैं, लेकिन केवल पंजीकृत स्नातक और शिक्षक मतदाता लेही वोट डालने के पात्र हैं।
मेरठ खंड स्नातक एवं शिक्षक विधान परिषद चुनाव के लिए जनपद गौतमबुद्ध नगर में 13 मतदान केंद्रों के 42 बूथों पर मतदान जारी है।
जिला निर्वाचन अधिकारी मेधा रूपम ने बताया कि एमएलसी स्नातक निर्वाचन के लिए जनपद गौतमबुद्ध नगर में 12,754 और शिक्षक निर्वाचन के लिए 13,104 मतदाता हैं।
मतदान केंद्रों के 100 मीटर के दायरे में पाबंदियां लगाई गई हैं। राजनीतिक दल इस दायरे के बाहर ही अपनी मेजें लगा सकते हैं, जबकि प्रतिबंधित क्षेत्र में पोस्टर, झंडे, लाउडस्पीकर और चुनाव प्रचार सामग्री ले जाने पर रोक है। बिना अनुमति के पार्किंग करने और भीड़ इकट्ठा करने पर भी मनाही है।मतों की गिनती 27 अक्टूबर को होगी।