Saturday, July 25, 2026
  • About Us
  • Contact Us
  • Home
publicnews360
  • Login
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत
No Result
View All Result
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत
No Result
View All Result
publicnews360
No Result
View All Result
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत

US Army ने ईरान के लगभग 90 मिलिट्री ठिकानों पर किया हमला, Iran ने खाड़ी के अरब देशों को निशाना बनाया

ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360 by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
July 9, 2026
in अंतराष्ट्रीय
0
US Army ने ईरान के लगभग 90 मिलिट्री ठिकानों पर किया हमला, Iran ने खाड़ी के अरब देशों को निशाना बनाया

अमेरिका ने बृहस्पतिवार तड़के ईरान पर फिर से हवाई हमले किए जिसके जवाब में ईरान ने बहरीन, कुवैत और कतर को निशाना बनाया।

इस हालिया घटनाक्रम से फारस की खाड़ी में युद्ध समाप्त कराने के उद्देश्य से किए गए अंतरिम समझौते पर फिर खतरा मंडराने लगा है।

ये हमले अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस बयान के कुछ घंटों बाद हुए जिसमें उन्होंने कहा था कि होर्मुज जलडमरूमध्य में पोतों पर ईरान के हालिया हमलों से यह संकेत मिलता है कि नाजुक युद्धविराम समाप्त हो गया है।

इससे पहले, अमेरिका ने बुधवार तड़के ईरान द्वारा ओमान के तट के पास कई वाणिज्यिक पोतों को निशाना बनाए जाने के बाद कई सैन्य स्थलों और बंदरगाह केंद्रों पर हमले किए थे। इसके बाद ईरान ने भी बुधवार को जवाबी हमला किया था लेकिन खाड़ी देशों पर बृहस्पतिवार हुए हमले कहीं अधिक बड़े प्रतीत हुए।

बहरीन में कम से कम दो बार सायरन बजे। बहरीन में अमेरिकी नौसेना के पांचवें बेड़े का मुख्यालय है। खाड़ी के इन तीन अरब देशों में किसी नुकसान की तत्काल कोई खबर नहीं है। कुवैत की सेना ने कहा कि वह ड्रोन और मिसाइलों को उनके लक्ष्य तक पहुंचने से पहले ही रोकने के लिए सक्रिय रूप से कार्रवाई कर रही है। ईरान के ‘रिवोल्यूशनरी गार्ड’ ने बहरीन और कुवैत पर हमलों का दावा किया है।

अमेरिकी सेना की ‘सेंट्रल कमांड’ ने कहा कि उसने ईरान में करीब 90 स्थलों को निशाना बनाया। उसने श्वेत-श्याम फुटेज जारी किए, जिनमें हवाई अड्डे के रनवे और मिसाइल लॉन्चरों को निशाना बनाकर किए गए हमलों को दिखाया गया।

‘सेंट्रल कमांड’ ने कहा, ‘‘अमेरिकी बल सतर्क, घातक और कमांडर इन चीफ के निर्देश पर अभियान चलाने के लिए तैयार हैं।

अमेरिका ने कहा कि इन हमलों का मकसद होर्मुज जलडमरूमध्य में ‘‘नौवहन की स्वतंत्रता को खतरे में डालने’’ की ईरान की क्षमता को ‘‘और कमजोर करना’’ है। दुनिया में खरीदे एवं बेचे जाने वाले तेल और प्राकृतिक गैस का करीब पांचवां हिस्सा युद्ध शुरू होने से पहले इसी जलडमरूमध्य से होकर गुजरता था। यह युद्ध 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर हमले किए जाने के साथ शुरू हुआ था।

ईरान के सरकारी मीडिया ने बुशहर सहित कई स्थानों पर विस्फोटों की खबर दी। बुशहर में ईरान का परमाणु ऊर्जा संयंत्र परिसर है। इसके अलावा दक्षिणी बंदरगाह शहरों चाबहार, कोनारक, बंदर अब्बास और सिरिक में भी विस्फोटों की खबर दी गई। ईरानशहर में प्राधिकारियों ने कहा कि एक हवाई अड्डे पर हुए हमले में एक दमकलकर्मी की मौत हो गई।

अप्रैल के बाद पहली बार ऐसा भी प्रतीत हुआ कि अमेरिकी हमलों में ईरान के पुलों को निशाना बनाया गया। सरकारी मीडिया ने ईरान के पूर्वोत्तर गोलेस्तान प्रांत में एक रेलवे पुल पर हमले की खबर दी तथा रिवोल्यूशनरी गार्ड ने भी कहा कि मशहद जाने वाले मार्ग पर दो पुलों पर हमला किया गया। ईरान युद्ध की शुरुआत में अमेरिका एवं इजराइल के हमलों में मारे गए सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई को बृहस्पतिवार को मशहद में सुपुर्द-ए-खाक किया जाना है।

ट्रंप ने तुर्किये में उत्तर अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) शिखर सम्मेलन से रवाना होने के बाद अपने सोशल मीडिया मंच पर कई वीडियो पोस्ट किए और कहा कि ये वीडियो ईरान में हुए विस्फोटों के हैं। इसके साथ ही उन्होंने ईरान को एक और चेतावनी दी।

ट्रंप ने लिखा, ‘‘यह ईरान द्वारा कल पोतों पर की गई बमबारी का जवाब है। अगर ऐसा फिर होता है तो स्थिति और बदतर होगी। ट्रंप ने इससे पहले कहा था कि हालिया जवाबी हमलों का यह दौर किसी ‘‘दीर्घकालिक’’ सैन्य कार्रवाई में नहीं बदलेगा।

हालांकि, ट्रंप ने कहा, ‘‘जो कुछ भी होगा, वह बहुत तेजी से होगा। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि अमेरिकी सेना ‘‘इस काम को पूरी तरह खत्म कर सकती है।

ट्रंप ने बिजली संयंत्रों और विलवणीकरण संयंत्रों समेत ईरान के असैन्य ढांचों पर हमले करने और तेल उत्पादन केंद्र खार्ग द्वीप पर कब्जा करने की अपनी पुरानी धमकियां भी दोहराईं।

मंगलवार को तीन टैंकरों को निशाना बनाए जाने के बाद अमेरिका ने ईरान पर हमले किए और ईरानी बलों ने फारस की खाड़ी में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाकर जवाबी कार्रवाई की।

ईरान ने कहा है कि अंतरिम युद्धविराम समझौता उसे होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले यातायात का प्रबंधन करने का अधिकार देता है। युद्ध को स्थायी रूप से समाप्त करने के लिए जारी बातचीत में अहम वार्ताकार और ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने बृहस्पतिवार सुबह सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कड़ा रुख अपनाते हुए लिखा, ‘‘अमेरिका ने अब भी यह नहीं सीखा है कि धौंस दिखाने और वादे तोड़ने की कीमत चुकानी पड़ती है। साफ शब्दों में कहूं तो अगर आप हमला करेंगे तो आपको भी जवाबी हमला झेलना पड़ेगा।’’

ट्रंप ने यह कहकर चिंता और बढ़ा दी कि युद्ध रोकने का अंतरिम समझौता ‘‘समाप्त’’ हो गया है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि वह बातचीत जारी रहने देंगे।

हमलों के कारण युद्धविराम पर बार-बार खतरा मंडराता रहा है तथा इस बीच ट्रंप की टिप्पणियों से अनिश्चितता और बढ़ गई है। उनके बयान के बाद तेल की कीमतों में तेज उछाल आया। यदि युद्ध फिर शुरू होता है तो यह पश्चिम एशिया पर व्यापक पैमाने पर असर डाल सकता है और होर्मुज जलडमरूमध्य से ऊर्जा आपूर्ति फिर बाधित हो सकती है।

ट्रंप ने युद्धविराम की स्थिति के बारे में पूछे जाने पर कहा, ‘‘मेरे हिसाब से यह समाप्त हो चुका है।’’ उन्होंने कहा कि अमेरिकी प्रतिनिधि बातचीत जारी रख सकते हैं लेकिन उन्होंने उसके नतीजे को लेकर संदेह जताया। उन्होंने कहा, ‘‘वे बात कर सकते हैं, लेकिन मुझे लगता है कि वे अपना समय बर्बाद कर रहे हैं।’’

ईरान के उप विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने ‘एक्स’ पर जवाब देते हुए कहा कि ट्रंप की टिप्पणियां ‘‘ताकत का संकेत नहीं, बल्कि ईरान को लेकर अमेरिकी नीति की विफलता की स्वीकारोक्ति’’ हैं।

ट्रंप युद्ध के दौरान पहले भी खार्ग द्वीप पर कब्जा करने की धमकी दे चुके हैं। पिछले महीने उन्होंने यह भी सवाल उठाया था कि क्या अमेरिका ‘‘इसके लिए तैयार है।’’ ईरान का करीब 90 प्रतिशत तेल निर्यात इसी द्वीप से होता है।

बातचीत जारी रहने के बावजूद जलडमरूमध्य में पोतों पर नए हमले ईरान के नेतृत्व में मतभेद का संकेत दे सकते हैं। कट्टरपंथी इस जलमार्ग पर स्थायी नियंत्रण चाहते हैं। यह जलमार्ग वैश्विक स्तर पर ईंधन आपूर्ति के लिए अहम है और ईरान के लिए पश्चिमी देशों से टकराव के दौरान दबाव बनाने वाला जरिया बन गया है। वहीं, व्यावहारिक रुख रखने वाले नेता अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध हटाने और बेहद जरूरी आर्थिक राहत के लिए स्थायी शांति समझौता चाहते हैं।

अंतिम समझौते पर बातचीत ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के बाद शुरू होनी थी। खामेनेई 28 फरवरी को युद्ध की शुरुआत में मारे गए थे।

Tags: US Army ने ईरान के
Previous Post

कोविड से जान गंवाने वाले हेड कांस्टेबल की विधवा को 50 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश

Next Post

America ने एच-1बी वीजा धोखाधड़ी की जांच शुरू, भारतीय IT कंपनी कॉग्निजेंट का भी लिया नाम

Related Posts

Origin Energy में डेटा सेंध की घटना असामान्य, लेकिन क्या डेटा को सुरक्षित रखने के तरीके मौजूद हैं!
Featured

Origin Energy में डेटा सेंध की घटना असामान्य, लेकिन क्या डेटा को सुरक्षित रखने के तरीके मौजूद हैं!

July 24, 2026
राष्ट्रमंडल खेलों का रंगारंग भव्य शुभारंभ, ग्लासगो में जुटे 74 देशों के खिलाड़ी
अंतराष्ट्रीय

राष्ट्रमंडल खेलों का रंगारंग भव्य शुभारंभ, ग्लासगो में जुटे 74 देशों के खिलाड़ी

July 24, 2026
Iran पर अमेरिकी हमले जारी, हूती विद्रोहियों का सऊदी अरब के दो तेल टैंकरों पर हमला
अंतराष्ट्रीय

Iran पर अमेरिकी हमले जारी, हूती विद्रोहियों का सऊदी अरब के दो तेल टैंकरों पर हमला

July 23, 2026
अमेरिका विभीषण हमलो के बीच ईरानी गृह मंत्री इस्कंदर मोमेनी पाकिस्तान पहुंचा, युद्ध खत्म या नया समझौता हो सकेगा या नहीं
अंतराष्ट्रीय

अमेरिका विभीषण हमलो के बीच ईरानी गृह मंत्री इस्कंदर मोमेनी पाकिस्तान पहुंचा, युद्ध खत्म या नया समझौता हो सकेगा या नहीं

July 21, 2026
Next Post
America के 19 राज्यों ने एच1बी वीजा आवेदनों पर एक लाख डॉलर शुल्क लगाने के फैसले के खिलाफ किया मुकदमा

America ने एच-1बी वीजा धोखाधड़ी की जांच शुरू, भारतीय IT कंपनी कॉग्निजेंट का भी लिया नाम

Recent Posts

देर से ही सही, 10 साल की जेल,10 करोड़ जुर्माना, पेपर लीक (संशोधन) विधेयक को केंद्रीय कैबिनेट की मंजूरी, 2024 में बने कानून में संशोधन

देर से ही सही, 10 साल की जेल,10 करोड़ जुर्माना, पेपर लीक (संशोधन) विधेयक को केंद्रीय कैबिनेट की मंजूरी, 2024 में बने कानून में संशोधन

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
July 24, 2026
0

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की घोषणा के कुछ घंटे बाद शुक्रवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने प्रश्न पत्र लीक के मामलों में...

राज्य बार काउंसिल चुनावों की निगरानी के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीशों की नियुक्ति पर विचार

सुप्रीमकोर्ट पुलिस ज्यादती के आरोप लगाने वाली याचिकाओं पर 27 जुलाई करेगा को सुनवाई

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
July 24, 2026
0

उच्चतम न्यायालय ने उन दो याचिकाओं पर 27 जुलाई को सुनवाई करने पर शुक्रवार को सहमति जताई, जिनमें पुलिस पर...

संभल में तुर्क समुदाय के लोगों पर देवबंदी को नमाज से रोकने और सामाजिक बहिष्कार का लगा आरोप

संभल में तुर्क समुदाय के लोगों पर देवबंदी को नमाज से रोकने और सामाजिक बहिष्कार का लगा आरोप

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
July 24, 2026
0

संभल जिले में एक मुस्लिम व्यक्ति ने आरोप लगाया है कि उसे और उसके परिवार को जुमे की नमाज अदा...

शाहजहांपुर: आपराधिक मामले छिपाने पर नगर पंचायत अध्यक्ष का निर्वाचन रद्द, चार साल तक चुनाव लड़ने पर रोक

सुलतानपुर में नाबालिग के अपहरण के मामले में अदालत के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
July 24, 2026
0

सुलतानपुर जिले के लंभुआ कोतवाली क्षेत्र में 17 वर्षीय एक लड़की के कथित अपहरण के मामले में अदालत के आदेश...

सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने TV रेटिंग नीति 2026 की जारी; नई नीति के तहत कोई भी संस्था पंजीकृत नहीं

सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने TV रेटिंग नीति 2026 की जारी; नई नीति के तहत कोई भी संस्था पंजीकृत नहीं

by ब्यूरो पब्लिकन्यूज़360
July 24, 2026
0

सूचना एवं  प्रसारण मंत्रालय ने टीवी रेटिंग नीति2026 जारी की है, जो भारत में टेलीविज़न रेटिंग को विनियमित करने के लिए व्यापक दिशानिर्देश तय करती है। यह नीति टीवी रेटिंग सेवाएँ देने वाली एजेंसियों के पंजीकरण, संचालन, ऑडिट और निगरानी के लिए स्पष्ट मानक तय करती है, जिसका उद्देश्य दर्शक मापन में पारदर्शिता, स्वतंत्रता और जवाबदेही सुनिश्चित करना है। टीवी रेटिंग नीति 2026 ने भारत में टीवी रेटिंग एजेंसियों के लिए 16 जनवरी 2014 के विद्यमान दिशानिर्देश की जगह ली है। नीति के तहत किए गए प्रमुख सुधारों में शामिल हैं: नेटवर्थ की शर्त को 20 करोड़ रुपये से घटाकर 5 करोड़ रुपये करना; कनेक्टेड टीवी और ओटीटी  प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध टीवी चैनलों सहित कई प्लेटफॉर्म पर टेक्नोलॉजी-न्यूट्रल दर्शक मापन; मीटर वाले घरों की संख्या 50,000 से बढ़ाकर 80,000 करके सैंपल साइज़ बढ़ाना; हर तीन साल में एस्टैब्लिशमेंट सर्वे; व्यूअरशिप डेटा की गणना में लैंडिंग पेज को शामिल न करना; vi, सालाना स्वतंत्र ऑडिट; और .vii नियमों का पालन न करने पर अलग-अलग स्तर का जुर्माना ढांचा। अनुशंसित सुरक्षा उपायों में क्रॉस-होल्डिंग पर रोक, एजेंसी के बोर्ड में कम से कम 33 प्रतिशत स्वतंत्र डायरेक्टर की ज़रूरत, हितों के टकराव (कॉन्फ्लिक्ट ऑफ़ इंटरेस्ट) की स्थिति पैदा करने वाली कंसल्टेंसी या सलाह देने वाली गतिविधियों पर रोक, सुरक्षा मंज़ूरी की आवश्यकता और रेटिंग एजेंसियों की कामकाज और संचालन संबंधी स्वतंत्रता सुनिश्चित करने के लिए ऑडिट और पारदर्शिता की ज़िम्मेदारियाँ शामिल हैं। इस नीति के तहत, भारत में टेलीविज़न रेटिंग के कारोबार में लगी किसी भी संस्था को कुछ अतिरिक्त शर्तों का पालन करना होगा और नई पॉलिसी के तहत पंजीकरण कराना होगा। अभी तक, नई नीति के तहत...

हमारे बारे में Public News 360

एक विश्वसनीय न्यूज़ चैनल — पढ़ें ताज़ा समाचार, राजनीति, समाज और संस्कृति की खबरें।

संपादकीय जानकारी
प्रकाशक/संपादक:अतुल नारायण श्रीवास्तव
उप संपादक: अनुराग वर्मा
पता: फ़ैज़ाबाद-अयोध्या, उत्तर प्रदेश 224001
हमसे जुड़ें
विश्वसनीयता और पारदर्शिता के साथ।

All disputes Ayodhya jurisdiction only • सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय को संसूचित राजपत्र संख्या सी.जी.-डी.एल.-अ.-25022021-225464 दिनांक 25 फरवरी 2021 के भाग II द्वारा संचालित सर्वाधिकार सुरक्षित

  • About Us
  • Contact Us
  • Home

© 2025 publicnews360.in

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • होमपेज
  • अयोध्या
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • अंतराष्ट्रीय
  • खेल
  • राजनीति
  • क्राइम
  • व्यापार जगत

© 2025 publicnews360.in

×

No WhatsApp Number Found!

Join Our Whatsapp Group