बीजिंग, विदेश मंत्री वांग यी की नयी दिल्ली यात्रा के दौरान भारत और चीन के बीच सीमा प्रबंधन और नियंत्रण पर एक साझा समझ बनी है। चीन के विदेश मंत्रालय ने बुधवार को यह जानकारी दी।
वांग ने 18 और 19 अगस्त को भारत की यात्रा की, जिस दौरान उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल और विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ व्यापक वार्ता की।
वांग की यात्रा के परिणामों के बारे में जानकारी देते हुए, चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने यहां प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि दोनों पक्ष विभिन्न क्षेत्रों में वार्ता तंत्र को बहाल करने, पारस्परिक रूप से लाभकारी सहयोग को गहरा करने, बहुपक्षवाद को कायम रखने, वैश्विक चुनौतियों से मिलकर निपटने और धमकाने वाली एकतरफा कार्रवाइयों का विरोध करने पर भी सहमत हुए।
Ten points of consensus for the 24th Round of Talks Between the Special Representatives of China and India on the Boundary Question
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— Lin Jian 林剑 (@SpoxCHN_LinJian) August 20, 2025
उन्होंने कहा, ‘‘सीमा के मुद्दे पर, दोनों पक्षों के बीच नई साझा समझ बनी है, जिसमें सामान्य प्रबंधन एवं नियंत्रण, सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति एवं सौहार्द बनाए रखने और उन क्षेत्रों में सीमा वार्ता शुरू करने पर सहमति व्यक्त की गई है जहां शर्तें पूरी होती हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की शुल्क घोषणाओं का स्पष्ट संदर्भ देते हुए निंग ने कहा कि अपनी बैठकों में, वांग ने यह भी कहा कि ‘‘मौजूदा परिस्थितियां चीन-भारत संबंधों के रणनीतिक महत्व और द्विपक्षीय सहयोग के रणनीतिक मूल्य को रेखांकित करती हैं।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ वांग की बैठक के बारे में विदेश मंत्रालय द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि वांग ने उन्हें चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग और प्रधानमंत्री ली कियांग की ओर से हार्दिक शुभकामनाएं दीं।


