संभल, कांग्रेस से बाहर किये जाने के बाद पूर्व नेता और कल्किधाम के पीठाधीश्वर ने प्रेसवार्ता करते हुए कांग्रेस और उनके नेताओं पर तीखा हमला बोला हैं। उन्होंने प्रण लिया हैं कि वह आजीवन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ खड़े रहेंगे।
प्रेसवार्ता में आचार्य प्रमोद ने कहा “मुझे कल रात कई न्यूज चैनलों के माध्यम से ये जानकारी मिली की कांग्रेस पार्टी ने एक चिट्ठी जारी की है, जिसमें उन्होंने कहा है कि पार्टी विरोधी गतिविधियों के कारण आचार्य प्रमोद कृष्णम को 6 साल के लिए पार्टी से निष्काषित किया जाता है।
सबसे पहले मैं कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व का आभार व्यक्त करता हूं कि उन्होंने मुझे कांग्रेस से मुक्ति देने का फरमान जारी किया। केसी वेणुगोपाल या मल्लिकार्जुन खरगे ये बताएं कि ऐसी कौन सी गतिविधिया हैं जो पार्टी के विरोध में थीं। क्या भगवान राम का नाम लेना पार्टी विरोधी है?”
उन्होंने आगे कहा “सवाल इस बात का है कि वो कांग्रेस जो महात्मा गांधी की कांग्रेस थी आज उस कांग्रेस को किस रास्ते पर लाकर खड़ा किया गया है। क्या कांग्रेस में सिर्फ वो रह सकते हैं जो सनातन को मिटाने की बात करें? मैं ये साफ कर देना चाहता हूं कि ‘राम और राष्ट्र’ पर समझौता नहीं किया जा सकता है। निष्कासन बहुत छोटी चीज है।”
प्रमोद कृष्णम ने कहा “16-17 साल की उम्र में मैंने जो वचन राजीव गांधी को दिया था वो आज तक निभाया है और आज इस उम्र में एक संकल्प ले रहा हूं कि मैं आजीवन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ खड़ा रहूंगा।” आगे कहा “सचिन पायलट का बहुत अपमान हुआ है लेकिन वे भगवान शिव की तरह जहर पिये जा रहे हैं।
उसी तरह प्रियंका गांधी की भी बहुत तौहीन हो रही है। देश की आज़ादी के बाद किसी भी पदाधिकारी के सामने ऐसा नहीं लिखा गया, जो प्रियंका गांधी के सामने लिखा गया… उनके आगे लिखा गया प्रियंका गांधी, ‘बिना किसी पोर्टफोलियो के महासचिव।’ सवाल इस बात का है कि ये जो अपमान किया जा रहा है ये किसके इशारे पर हो रहा है?


