लखनऊ अग्निकांड में 15 लोगों की मौत की पुष्टि, मौके पर पहुंचे मुख्यमंत्री,किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) के जनसंपर्क अधिकारी के.के. सिंह ने बताया कि बचाव दल द्वारा कुल 22 लोगों को केजीएमयू लाया गया जिनमें से 15 को चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। उन्होंने बताया कि हादसे में सात अन्य लोग भी घायल हुए हैं, जिनका उपचार किया जा रहा है।
लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र के पुरनिया इलाके में स्थित एक कोचिंग सेंटर में सोमवार को भीषण आग लगने से कम से कम 13–14 लोगों की मौत हो गई। मृतकों में अधिकांश छात्र बताए जा रहे हैं, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरातफरी मच गई और जान बचाने के लिए कई छात्रों को इमारत की बालकनी से कूदना पड़ा।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग तेजी से फैल गई, जिससे कोचिंग सेंटर के भीतर मौजूद छात्र फंस गए। आग की लपटें और धुआं बढ़ने पर कई छात्रों ने ऊपर की मंजिलों से कूदकर जान बचाने की कोशिश की।
बचने के लिए कुछ छात्र लाइब्रेरी के फर्स्ट फ्लोर से कूद गए, कुछ ने खुद को बाथरूम में बंद कर लिया। बिल्डिंग के पीछे की दीवार तोड़कर शवों को बाहर निकाला जा रहा है।
सूचना मिलने पर दमकल विभाग की कई गाड़ियां और राहत-बचाव दल मौके पर पहुंचे तथा घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया।
प्रारंभिक जांच में आग लगने का संभावित कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है, हालांकि अधिकारियों ने कहा है कि वास्तविक कारणों का पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा। प्रशासन ने हादसे की जांच के आदेश दिए हैं और इमारत में मौजूद सुरक्षा व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की जा रही है।
हादसे की गंभीरता को देखते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने अपना कार्यक्रम रद्द कर लखनऊ का रुख किया। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों को मौके पर भेजकर राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी करने के निर्देश दिए और मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
लखनऊ के अलीगंज में लोक सेवा आयोग के पीछे चल रहे एक कोचिंग सेंटर में आज दोपहर भीषण आग लग गई !!!
जमीन पर बनी दुकान में आग लगने के बाद धुआं ऊपर की मंजिल में फैल गया, जिससे क्लास ले रहे छात्र भीतर ही फंस गए।
अपनी जान बचाने के लिए बच्चों को दो मंजिला इमारत की छत और संकरे छज्जे से… pic.twitter.com/JwJLzATXMs
— Anurag Chaddha (@AnuragChaddha) June 22, 2026
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दुख व्यक्त किया है. थोड़ी देर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मौके पर पहुंच रहे है. इस दौरान सुरक्षाबल रेस्क्यू अभियान चला रहे है। मृतकों और घायलों के लिए प्रदेश सरकार ने मुआवजे का ऐलान किया है। डीजीपी और एसीएस होम मौके पर है. इसी दौरान रेस्क्यू टीम ने एक बिल्ली को आग के बीच से सुरक्षित निकाला।
उपमुख्यमंत्री Brajesh Pathak ने भी घटनास्थल का दौरा किया और बताया कि उन्होंने स्वयं मृतकों के शव देखे हैं। उन्होंने पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया।
प्रशासन मृतकों की पहचान, घायलों के उपचार और घटना के कारणों की विस्तृत जांच में जुटा हुआ है।
यह आग अलीगंज थाना इलाके में उषा मेहता मार्ग पर स्थित तीन मंजिला वाणिज्यिक इमारत में अपराह्न करीब तीन बजे लगी। आग पर काबू पाने के लिए कई दमकल वाहनों और ‘हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म’ वाली गाड़ी को अभियान पर लगाया गया। पुरनिया बाजार से चंद कदमों की दूरी पर स्थित यह इमारत अलीगंज के पॉश रिहायशी इलाके में है, जहां कोचिंग सेंटर और कैफे जैसी जगहें हैं।
अधिकारियों के अनुसार बचाव अभियान के दौरान आग में फंसे लोगों को इमारत से बाहर निकाला गया। कुछ लोगों को ‘बॉडी बैग’ में लाया गया, जबकि कुछ को कंबल में लपेटा गया था और एम्बुलेंस में ले जाते समय वे बेहोश लग रहे थे। इन लोगों के शवों या घायलों को बगल की इमारत की छत से बाहर निकाला गया।










