सिद्धार्थनगर जिले में एक पानी की टंकी की सीढ़ी टूटने से नीचे गिरकर एक लड़के की मौत हो गई तथा दो अन्य घायल हो गए जबकि दो अन्य को सेना के हेलीकॉप्टर की मदद से नीचे उतारा गया।
पुलिस ने बताया कि सिद्धार्थनगर शहर में कांशीराम कॉलोनी में रहने वाले पांच लड़के शनिवार को पास में ही स्थित करीब 30 साल पुरानी और जर्जर हो चुकी पानी की टंकी पर चढ़ गए थे।
उन्होंने बताया कि लड़के जब नीचे उतर रहे थे तभी टंकी की सीढ़ी अचानक ढह गई जिससे उनमें से तीन लड़के नीचे गिर गए, जबकि दो अन्य सीढ़ी टूटने की वजह से ऊपर ही फंसे रह गए।
पुलिस ने बताया कि टंकी के ऊपर फंसे दो लड़कों को नीचे उतारने के लिए एक वैकल्पिक रास्ता बनाने की कोशिश की जा रही थी लेकिन बारिश के चलते व्यवधान उत्पन्न होने के बाद गोरखपुर से मंगवाए गए वायु सेना के हेलीकॉप्टर की मदद से दोनों लड़कों को रविवार सुबह सकुशल नीचे उतार लिया गया।
उन्होंने बताया कि शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और घायल हालत में पड़े गोलू (12), सनी (14) और सिद्धार्थ (10) को फौरन मेडिकल कॉलेज ले गए जहां सिद्धार्थ को डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया जबकि गोलू और सनी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें गोरखपुर के बड़े अस्पताल में रेफर कर दिया गया है।
जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जी. एन. ने बताया कि टंकी पर फंसे रह गए पवन (14) और शाबान (12) को नीचे उतारने के लिए वैकल्पिक मार्ग बनाने का प्रयास किया जा रहा था लेकिन अचानक हुई बारिश के कारण कार्य बाधित हो गया जिसके बाद स्थिति को देखते हुए तत्काल सेना के हेलीकॉप्टर की सहायता लेने का निर्णय लिया गया।
उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थ नगर में पानी की टंकी के ऊपर फंसे दो बच्चों को भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टर ने बचाया
नागरिक प्रशासन के अनुरोध पर सेंट्रल एयर कमांड गोरखपुर Mi 17 V5 को भेजा
पानी की टंकी की सीढ़ी टूट जाने की वजह से बच्चे इस टंकी पर फंस गए थे pic.twitter.com/vEE2uNzygR
— Umashankar Singh उमाशंकर सिंह (@umashankarsingh) May 3, 2026
जिलाधिकारी ने बताया कि हालात को देखते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री कार्यालय और राहत एवं आपदा विभाग से फोन पर बात करके गोरखपुर से वायु सेना का हेलीकॉप्टर मंगवाया।
उन्होंने बताया कि उनके अनुरोध पर हेलीकॉप्टर भेजा गया और उसकी मदद से कड़ी मशक्कत के बाद रविवार सुबह करीब पांच बजकर 20 मिनट पर टंकी पर फंसे दोनों लड़कों को सकुशल नीचे उतार लिया गया।
जिलाधिकारी ने बताया कि पूरे अभियान के दौरान वह खुद और पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद रहे और प्रशासन की त्वरित कार्रवाई एवं सेना के समन्वय से यह चुनौतीपूर्ण बचाव अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।




