होर्मुज पार कर फारस की खाड़ी से चला दूसरा जहाज नंदा देवी भी कांडला पोर्ट पहुंचने वाला है। इससे पहले कल शिवालिक भी मुंद्रा पोर्ट पहुंचा था। दोनों जहाज में 92,712 मीट्रिन टन LPG है।
पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच भारत का एलपीजी वाहक जहाज ‘शिवालिक’ सुरक्षित रूप से गुजरात के मुंद्रा बंदरगाह पर पहुंच गया है। गुजरात के कृषि मंत्री एवं राज्य सरकार के प्रवक्ता जीतू वाघाणी ने सोमवार को विधानसभा में यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि ईरान, इजराइल और अन्य देशों से जुड़े वैश्विक तनाव के बावजूद जहाज सुरक्षित रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरकर भारत पहुंचा। वाघाणी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विश्व नेताओं के साथ मजबूत कूटनीतिक संबंधों के कारण यह संभव हो सका।
वाघाणी ने सदन में कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सफल कूटनीतिक प्रयासों के चलते भारत का ‘शिवालिक’ जहाज एलपीजी लेकर सुरक्षित रूप से गुजरात के मुंद्रा बंदरगाह पहुंच गया।
उन्होंने बताया कि एक अन्य जहाज ‘नंदादेवी’ भी होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित गुजर चुका है और मंगलवार को उसके गुजरात के वाडिनार बंदरगाह पहुंचने की संभावना है।
मुंद्रा बंदरगाह के अधिकारियों ने पुष्टि की कि ‘शिवालिक’ जहाज इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) के लिए मंगाए गए 46,000 मीट्रिक टन एलपीजी के साथ बंदरगाह पर पहुंचा है।
बंदरगाह से जारी बयान के अनुसार, इसमें से 20,000 मीट्रिक टन एलपीजी मुंद्रा बंदरगाह पर उतारी जाएगी, जबकि 26,000 मीट्रिक टन एलपीजी मंगलुरु में उतारी जाएगी।
भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए आयात पर काफी निर्भर है। देश लगभग 88 प्रतिशत कच्चा तेल, 50 प्रतिशत प्राकृतिक गैस और 60 प्रतिशत एलपीजी आयात करता है।
#WATCH | हॉर्मुज जलडमरूमध्य पार कर एलपीजी टैंकर ‘शिवालिक’ गुजरात के मुंद्रा पोर्ट पहुंचा।
यह खेप देश में एलपीजी आपूर्ति को मजबूत करने और ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण है।@PetroleumMin #StraitOfHormuz #EnergySecurity #LPG #MundraPort #Shivalik pic.twitter.com/Ssf1UOhHZM
— डीडी न्यूज़ (@DDNewsHindi) March 16, 2026










