बिजनौर जिले में राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में संलिप्तता के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस क्षेत्राधिकारी अंजनी कुमार चतुर्वेदी ने बताया कि बुधवार को नजीबाबाद में समीर नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया।
समीर पर सऊदी अरब और दक्षिण अफ्रीका में रहने वाले लोगों से संपर्क बनाए रखने का भी आरोप है, जो भारत में युवाओं को आतंकवाद से जुड़ी गतिविधियों के लिए भर्ती करने की कोशिश कर रहे थे।
चतुर्वेदी ने बताया कि समीर सोशल मीडिया मंच ‘इंस्टाग्राम’ के जरिए सऊदी अरब में रहने वाले आकिब और दक्षिण अफ्रीका में रह रहे माजुल नामक लोगों के संपर्क में था जिन्होंने कथित तौर पर युवाओं को भारत में आतंकवाद का नेटवर्क बनाने, राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में शामिल होने और रेल की पटरियों को नुकसान पहुंचाने के लिए लुभाने की कोशिश की थी।
चतुर्वेदी ने बताया कि पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान समीर ने माना कि आकिब उसे राष्ट्र विरोधी गतिविधियों के लिए उकसा रहा था।
उन्होंने बताया कि इस मामले में दो और आरोपियों उबैद और जलाल को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि आकिब और माजुल के खिलाफ ‘लुकआउट नोटिस’ जारी किए गए हैं।
एक अलग घटना में पुलिस ने जैसलमेर से राजूराम गोदारा नामक व्यक्ति को चार मार्च को कीरतपुर में एक कार पर हिंदू धर्म से संबंधित निशान को देखकर उसमें आग लगाने के मामले में गिरफ्तार किया गया था।
इससे पहले, इस मामले में तीन आरोपियों अबूजर, जैद और मन्नान को गिरफ्तार किया गया था।
पुलिस के मुताबिक, अबू बकर नामक व्यक्ति ने कथित तौर पर एक ‘टेलीग्राम ग्रुप’ के जरिए हिंदू समुदाय के लोगों की सम्पत्ति को निशाना बनाने के लिए धन का लालच दिया था।
उन्होंने बताया कि जैसलमेर से गिरफ्तार किया गया राजूराम गोदारा उस ‘टेलीग्राम ग्रुप’ का ‘एडमिन’ था। पुलिस ने कहा कि दोनों मामलों की जांच की जा रही है।




