अयोध्या, महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट परिसर में सियारों की बढ़ती मौजूदगी को देखते हुए वन विभाग ने धरपकड़ अभियान तेज कर दिया है। एयरपोर्ट क्षेत्र में जंगली जानवरों की आवाजाही को उड़ानों के लिए संभावित खतरा माना जा रहा है, इसी वजह से यह कार्रवाई की जा रही है।
जानकारी के मुताबिक, एयरपोर्ट अथॉरिटी के अनुरोध पर वन विभाग की टीम ने रेंजर स्तर के अधिकारी के नेतृत्व में अभियान शुरू किया। दो दिनों तक चले सर्च ऑपरेशन में वन कर्मियों ने पूरे एयरपोर्ट क्षेत्र की गहन तलाशी ली और सियारों को पकड़ने का प्रयास किया।
विशेषज्ञों के अनुसार, रनवे या उसके आसपास किसी भी पशु-पक्षी की मौजूदगी विमान संचालन में बाधा बन सकती है। ऐसे हालात में उड़ानों को रोकना भी पड़ सकता है, जिससे सुरक्षा पर असर पड़ता है।
सूत्रों के अनुसार, इससे पहले भी एक अभियान चलाया गया था, जिसमें 2-3 सियार पकड़े गए थे। हालांकि मौजूदा अभियान में अब तक कितने सियार पकड़े गए हैं, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। फिलहाल वन विभाग की टीम लगातार निगरानी और धरपकड़ में जुटी हुई है।
जानकारों का कहना है कि एयरपोर्ट का क्षेत्र काफी विस्तृत होने के कारण सियारों को पकड़ना चुनौतीपूर्ण है। एक ओर से खदेड़ने पर वे दूसरी दिशा में निकल जाते हैं, जिससे उन्हें पकड़ पाना आसान नहीं होता।
वन विभाग का कहना है कि उड़ान सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।




