लखनऊ, उत्तर प्रदेश में अब लेखपालों द्वारा किए जाने वाले राजस्व संबंधी सभी कार्यों का ब्योरा एक ही मंच पर देखा जा सकेगा। इसके लिए बृहस्पतिवार को ‘लेखपाल डैशबोर्ड’ की शुरुआत की गई है।
कुमार ने बताया कि इस डैशबोर्ड के जरिये भूमि अभिलेख संशोधन, आय-जाति-निवास प्रमाणपत्रों की स्थिति, तथा राजस्व संबंधी अन्य कार्यवाहियां, हलके की पैमाइश और अवकाश स्वीकृति की प्रक्रियाएं एकल लाग-इन पर उपलब्ध होंगी। उनके कार्यों की उच्च स्तर से सतत निगरानी भी की जा सकेगी।
उन्होंने कहा कि जल्द ही राजस्व निरीक्षक डैशबोर्ड, तहसीलदार डैशबोर्ड और ‘उपजिलाधिकारी डैशबोर्ड’ भी विकसित किए जाएंगे। इनके जरिये राजस्व प्रशासन के हर स्तर पर काम की निगरानी और दक्षता को और ज्यादा मजबूत किया जाएगा। साथ ही पारदर्शिता और जवाबदेही को नया स्तर दिया जाएगा।
राजस्व परिषद के अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश के 22 हजार से ज्यादा लेखपाल रोजाना नागरिकों के निकट रहकर भूमि अभिलेख अद्यतन, प्रमाणपत्र सत्यापन और राजस्व संबंधी काम करते हैं। अब ‘लेखपाल डैशबोर्ड’ इन सभी कार्यों को ऑनलाइन और अधिक सुव्यवस्थित बनाएगा।
उन्होंने कहा, ”राजस्व परिषद प्रदेश की राजस्व संबंधी सभी सेवाओं को डिजिटल माध्यम से सरल और पारदर्शी बनाने की दिशा में पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।


