यरुशलम, (एपी) हमास ने बुधवार को एक वीडियो जारी किया जिसमें उसके द्वारा इजराइल से बंधक बनाए गए लोगों में शामिल एक प्रसिद्ध इजराइली-अमेरिकी व्यक्ति को दिखाया गया है।
गाजा पट्टी के इस्लामिक चरमपंथियों द्वारा पिछले वर्ष सात अक्टूबर को इजराइल पर हमला करने और बड़ी संख्या में लोगों को बंधक बनाए जाने के बाद से इजराइल और हमास के बीच युद्ध जारी है।
हमास ने जो वीडियो जारी किया है उसमें इजराइली-अमेरिकी व्यक्ति हेर्श गोल्डबर्ग-पोलिन को दिखाया गया है जिसमें वह सरकार पर बंधकों की रिहाई के लिए कुछ नहीं करने का आरोप लगाते दिखाई दे रहे हैं। पिछले वर्ष बंधक बनाए जाने के बाद यह पहली बार है कि पोलिन के जीवित होने के संकेत मिले हैं।
Hamas just released a video of a California-born prisoner. Should have stayed his ass in California – now he’s missing a hand and 1 tank shell away from meeting Hashem.
pic.twitter.com/OvCbnvQJLg— PVT (@hoaxvstruths) April 24, 2024
यह वीडियो जारी होने के बाद लोग सरकार से बंधकों को जल्द से जल्द रिहा कराने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे है।
वीडियो में गोल्डबर्ग-पोलिन ने इजराइल सरकार पर आरोप लगाया है कि वह हमास द्वारा बंधक बनाए गए लोगों को रिहा कराने के लिए कुछ नहीं कर रही है और एक प्रकार से सरकार ने बंधकों से मुंह मोड़ लिया है।
वीडियो में पोलिन ने यह दावा भी किया कि इजराइल की बमबारी में 70 बंधक मारे गये हैं हालांकि वीडियो में गोल्डबर्ग-पोलिन दबाव में नजर आ रहे हैं और उनके द्वारा किए गए दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की जा सकी है। साथ ही यह भी पता नहीं चला है कि यह वीडियो कब बनाया गया।
हमास ने जब इजराइल पर हमला किया था उस वक्त 23 वर्षीय गोल्डबर्ग-पोलिन ‘ट्राइब ऑफ नोवा संगीत समारोह’ में जश्न मना रहे थे। वीडियो में पोलिन के बाएं हाथ का हिस्सा गायब दिखाई दे रहा है।
पोलिन बंधक बनाए गए लोगों में सबसे ज्यादा प्रसिद्ध व्यक्ति हैं। पूरे इजराइल में उनके पोस्टर लगे हैं। उनकी मां रचेल गोल्डबर्ग ने वैश्विक नेताओं से मुलाकात की है और अपने बेटे को छुड़ाने की अपील की है।
पोलिन के माता-पिता ने कहा कि उन्हें उसे जीवित देखकर राहत मिली है, लेकिन वे उसके स्वास्थ्य और कुशलक्षेम के साथ-साथ अन्य बंधकों के बारे में भी चिंतित हैं।
बंधकों के परिवारों ने इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की सरकार पर उनके परिजनों की रिहाई के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठाने का आरोप लगाया है।








