फिरोजाबाद, उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद से सामने आया है। अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही का खुलासा खुद एसडीएम मैडम ने किया है, वो भी फिल्मी स्टाइल में। तो चलिए जानते हैं क्या है पूरा माजरा?
मिली जानकारी के अनुसार मामला दीदामई स्थित शकीला नईम स्वास्थ्य केंद्र का है, जहां कल यानि मंगलवार को एसडीएम सदर कृति राज आम जनता की तरह साड़ी पहनकर पहुंचीं। यहां एसडीएम मैडम घूंघट में मरीज बनकर पहुंचीं और लाइन में लगकर दूसरे नाम से पर्चा बनवाया। पर्चा बनवाने के बाद एसडीएम कृति राज डॉक्टर से जांच करवाने के लिए लाइन पर लग गईं। वहीं, इस दौरान वो अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही को देखतीं रहीं। उन्होंने देखा कि वहां तैनात चिकित्सक शादाब खान का मरीजों के प्रति व्यवहार अच्छा नहीं था। इस दौरान उन्हें वहां काफी अव्यवस्थाएं मिलीं।
वहीं, जब एसडीएम कृति राज ने अपना घूंघट हटाया तो अस्पताल के कर्मचारियों के होश उड़ गए। इसके बाद एसडीएम कृति राज ने पूरे अस्पताल का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पाया कि ओआरएस की पैकेट, कुत्ते काटने के इंजेक्शन और स्टोर में रखी 50 प्रतिशत से अधिक दवाएं एक्सपायर मिलीं। कई स्वास्थ्य कर्मी उपस्थिति रजिस्टर में साइन करके नदारत थे। कर्मचारियों द्वारा लोगों को खड़े करके इंजेक्शन लगाये जा रहे थे। बेड पर काफी धूल जमा थी। डिलीवरी रूम और शौचालय में काफी गंदगी पाई गई।
इस घटना के बाद एसडीएम सदर कृति राज का कहना है, ”मुझे दीदा माई स्वास्थ्य केंद्र के संबंध में शिकायत मिली थी कि कुत्ता काटने का इंजेक्शन लगाने के लिए डॉक्टर सुबह 10 बजे के बाद भी मौजूद नहीं थे। मैं वहां गुमनाम रूप से घूंघट में गया था, डॉक्टर का व्यवहार ठीक नहीं था। ज्यादातर दवाओं का स्टॉक समाप्त हो चुका था। साफ-सफाई भी नहीं रखी गई थी।
दूसरी ओर पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। अखिलेश यादव ने अपने अधिकारिक X अकाउंट पर लिखा है कि स्वयं घूँघट में जाकर, उप्र की चिकित्सा व्यवस्था पर पड़ा परदा उठाकर सच्चाई दिखाने वाली साहसी महिला अधिकारी को संभलकर रहना होगा नहीं तो इस डॉक्टर-दवाई के बिना चलने वाली उप्र की बीमारू चिकित्सा व्यवस्था के गोरखधंधे के खुलासे से शर्मसार हुई भाजपा सरकार कहीं ज्ञानवर्धन के बहाने उनको अध्ययन हेतु विदेश ही न भेज दे। सुना है इस खुलासे के बाद स्वास्थ्य मंत्री जी ‘अस्वस्थ-अवस्था’ में हैं। अब Expiry Date की दवाई से रोगी को ठीक करने की जुमांटी (जुमला+गारंटी) देनेवाली भाजपा सरकार की भी Expiry Date निकट आ गयी है।
स्वयं घूँघट में जाकर, उप्र की चिकित्सा व्यवस्था पर पड़ा परदा उठाकर सच्चाई दिखानेवाली साहसी महिला अधिकारी को संभलकर रहना होगा नहीं तो इस डॉक्टर-दवाई के बिना चलनेवाली उप्र की बीमारू चिकित्सा व्यवस्था के गोरखधंधे के खुलासे से शर्मसार हुई भाजपा सरकार कहीं ज्ञानवर्धन के बहाने उनको… pic.twitter.com/wDjfLUEc9U
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) March 13, 2024


