अयोध्या, रामनगरी में दसवें दीपोत्सव को भव्य बनाने की तैयारियां तेज हो गई हैं। प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार तीन दिवसीय दीपोत्सव की शुरुआत 6 नवंबर से होगी, जबकि 7 नवंबर को मुख्य दीपोत्सव आयोजित किया जाएगा।
इस बार अयोध्या में 30 लाख दीप प्रज्वलित कर नया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने का लक्ष्य रखा गया है। उत्तर प्रदेश के पर्यटन विभाग की आधिकारिक जानकारी में भी अयोध्या के दीपोत्सव को प्रमुख आयोजन के रूप में शामिल किया गया है।
दीपोत्सव के दौरान राम की पैड़ी और सरयू तट समेत शहर के प्रमुख क्षेत्रों को दीपों से सजाने की तैयारी है। जमीन पर लाखों दीपों की रोशनी के साथ आसमान में 2,100 ड्रोन के जरिए भगवान राम की कथा और रामायण से जुड़े प्रसंगों की प्रस्तुति आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहने की योजना है।
इसके अलावा राम की पैड़ी पर लेजर शो और सरयू किनारे ग्रीन आतिशबाजी भी कार्यक्रम का हिस्सा होगी। उत्तर प्रदेश ईको-टूरिज्म बोर्ड की अयोध्या संबंधी जानकारी में भी दीपोत्सव के दौरान ड्रोन शो, ग्रीन आतिशबाजी और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का उल्लेख है।
कार्यक्रम के दौरान रामकथा पार्क में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा भगवान राम के राज्याभिषेक की प्रस्तुति में शामिल होने की योजना है। वहीं साकेत महाविद्यालय से भगवान राम के जीवन और आदर्शों पर आधारित झांकियां निकाली जाएंगी। दीपोत्सव के दौरान अयोध्या में विभिन्न सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।
अयोध्या में दीपोत्सव की शुरुआत वर्ष 2017 में हुई थी। इसके बाद हर वर्ष दीपों की संख्या और आयोजन का विस्तार बढ़ता गया। सरकारी रिकॉर्ड के अनुसार 2019 में 23 लाख 56 हजार 278 दीप प्रज्वलित किए गए थे। वर्ष 2025 में 26 लाख 17 हजार 215 दीपों के प्रज्वलन का रिकॉर्ड बनाए जाने के बाद इस बार 30 लाख दीप जलाने का लक्ष्य रखा गया है।
दीपोत्सव की तैयारियों के तहत शहर के प्रमुख मार्गों, घाटों और आयोजन स्थलों को सजाने के साथ श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधा के लिए व्यवस्थाएं की जा रही हैं। इस आयोजन के जरिए अयोध्या को धार्मिक पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में और आकर्षक बनाने की तैयारी है।