बिजनौर में हनीट्रैप और कथित फर्जी मुकदमों के जरिए लोगों से वसूली के मामले में पुलिस कार्रवाई के दौरान शनिवार को उस समय हंगामा हो गया, जब गिरफ्तार महिला आरोपियों में से एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अचानक फूट-फूटकर रोने लगी। महिला ने पुलिस अधिकारियों के सामने खुद को निर्दोष बताते हुए कहा कि उसे गलत तरीके से फंसाया जा रहा है। महिला का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
बिजनौर पुलिस के मुताबिक, नजीबाबाद थाना क्षेत्र में कथित हनीट्रैप नेटवर्क के खिलाफ जांच चल रही है। पुलिस का आरोप है कि गिरोह से जुड़े लोग विवाद, पुरानी रंजिश और जमीन-जायदाद या लेन-देन से जुड़े मामलों की जानकारी जुटाकर लोगों को निशाना बनाते थे। इसके बाद महिलाओं के माध्यम से गंभीर आपराधिक मामलों में फंसाने की धमकी देकर समझौते के नाम पर कथित तौर पर रकम वसूलने का प्रयास किया जाता था।
पुलिस के अनुसार, इस नेटवर्क में महिलाओं की भूमिका भी सामने आई है। जांच में आरोप लगाया गया है कि कुछ मामलों में दुष्कर्म, सामूहिक दुष्कर्म, पॉक्सो और एससी-एसटी एक्ट जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज कराने का दबाव बनाया गया। पुलिस का दावा है कि कुछ मामलों में घटनाक्रम पहले से तैयार किया जाता था और बाद में पुलिस या अदालत के माध्यम से कार्रवाई शुरू कराने की कोशिश की जाती थी।
ताजा कार्रवाई में चार महिलाओं और एक युवक की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आई है। चार महिलाओं के कब्जे से पुलिस ने 13 कथित फर्जी आधार कार्ड बरामद करने का दावा किया है। पुलिस का कहना है कि इन दस्तावेजों में उम्र से संबंधित जानकारी में कथित तौर पर बदलाव किया गया था, ताकि कुछ मामलों में आरोपों को अधिक गंभीर धाराओं के तहत दर्ज कराया जा सके।
इसी दौरान पुलिस की प्रेस कॉन्फ्रेंस में एक महिला आरोपी ने रोते हुए अधिकारियों से मदद की गुहार लगाई। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार उसने खुद को बेगुनाह बताते हुए कहा कि उसे और उसकी बच्ची को गलत तरीके से फंसाया जा रहा है। महिला पुलिसकर्मियों और अन्य पुलिसकर्मियों ने उसे शांत कराने की कोशिश की। उसका यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल है।
पुलिस के अनुसार, इस मामले में इससे पहले भी कई गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। जांच में सामने आए कथित नेटवर्क के खिलाफ कई प्राथमिकी दर्ज होने की बात कही गई है। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और पुराने मामलों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
फिलहाल महिला द्वारा लगाए गए गलत फंसाने के आरोप उसकी ओर से दिया गया बचाव है। मामले की विवेचना जारी है और आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच तथा न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।
आंटी जी अपनी लड़कियों का इस्तेमाल करके फर्जी 376 लगवाया करती थी, अब आंटी जी की पूरी गैंग के.के बिश्नोई साहब के हत्थे चढ़ गई. अब आंटी जी फूट-फूट कर रो रही है। #bijnor pic.twitter.com/9LXtgDTdL1
— Oc updates (@ocjain4) September 20, 2026