काठमांडू, भारत ने बाढ़ प्रभावित बेत्रावती क्षेत्र में संपर्क बहाल करने में मदद के लिए 70 मीटर लंबे बेली पुल के हिस्सों की पहली खेप नेपाल भेजी है। काठमांडू में भारतीय राजदूत ने यह जानकारी दी।
नेपाल में भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि यह खेप शनिवार को हेटौडा में नेपाल के सड़क प्रभाग को सौंपी गई। उन्होंने बताया कि पुल के अन्य हिस्सों की खेप भी आने वाले दिनों में नेपाल पहुंचेगी।
काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने शनिवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘यह पुल नेपाल में हाल में अचानक आई भीषण बाढ़ से प्रभावित बेत्रावती क्षेत्र में संपर्क बहाल करने में मदद करेगा।
बेली पुल पहले से तैयार अलग-अलग हिस्सों से बनाया जाने वाला एक अस्थायी इस्पात पुल होता है, जिसे भारी मशीनरी या विशेष औजारों की जरूरत के बिना हाथ से ही कम समय में जोड़ा जा सकता है।
शनिवार को भेजी गई यह सहायता 26 अगस्त को नेपाल के उत्तरी और मध्य हिस्सों में अचानक आई भीषण बाढ़ के बाद भारत की ओर से दी जा रही मानवीय सहायता का हिस्सा है। इस आपदा में रविवार तक करीब 1,400 लोगों की मौत हो चुकी है और 5,000 से अधिक लोग लापता हैं।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, भारत अब तक 130 टन से अधिक राहत सामग्री नेपाल भेज चुका है और उसने बचाव, राहत तथा फॉरेंसिक अभियानों में मदद के लिए 54 विशेषज्ञों को तैनात किया है।
भारत ने अस्थायी आश्रय, कंबल, स्वच्छता किट, सौर लैंप और दवाओं जैसी आवश्यक वस्तुओं के अलावा सुरंग एवं मलबे में बचाव अभियान में मददगार विशेष उपकरण, डीएनए किट और फॉरेंसिक उपकरण भी उपलब्ध कराए हैं।
भारतीय वायुसेना ने राहत सामग्री पहुंचाने के लिए कम से कम आठ विशेष उड़ानें संचालित की हैं। भारत का सुरंग बचाव दल तलाशी अभियान में नेपाली सेना के साथ काम कर रहा है तथा एक फॉरेंसिक दल मृतकों के शवों की पहचान करने में नेपाली प्राधिकारियों की मदद कर रहा है।
भारत ने कहा है कि वह बाढ़ के बाद नेपाल के बचाव, राहत और पुनर्वास प्रयासों में सहयोग के लिए प्रतिबद्ध है।
The first consignment of components of 70-metre Bailey Bridge from India was handed over today to the Road Division, Government of Nepal in Hetauda, in the presence of Mr. Prakash Gautam, Member of Parliament, Makawanpur-1; Ms. Mina Kumari Lama, Mayor Hetauda Sub-Metropolitan… pic.twitter.com/bGoufcNGWN
— Naveen Srivastava, Ambassador of India in Nepal (@navsri6619) September 12, 2026