अयोध्या में स्थित भव्य राम मंदिर की सुरक्षा और प्रबंधन व्यवस्था से जुड़ा एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, अज्ञात हैकर्स ने मंदिर के काउंटर ऑपरेटरों की कंप्यूटर आईडी हैक कर ली और उसकी मदद से अवैध रूप से कई ‘विशिष्ट दर्शन’ पास (VIP Passes) जारी कर दिए।
हालांकि, मंदिर प्रशासन और सुरक्षाकर्मियों की मुस्तैदी के चलते इस फर्जीवाड़े को समय रहते पकड़ लिया गया।
मामला तब उजागर हुआ जब राम मंदिर परिसर के प्रवेश द्वार पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने नियमित चेकिंग के दौरान कुछ श्रद्धालुओं के पास संदिग्ध ‘विशिष्ट दर्शन’ पास देखे। जांच करने पर ये पास फर्जी पाए गए। सूत्रों के अनुसार, काउंटर ऑपरेटरों की लॉगिन आईडी में अनधिकृत रूप से सेंध लगाकर यह फर्जी पास जेनरेट किए गए थे।
घटना के तुरंत बाद हड़कंप मच गया और मंदिर परिसर की आईटी व्यवस्था की देखरेख कर रही टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) की इंजीनियरिंग टीम ने पूरे मामले की तकनीकी पड़ताल शुरू कर दी है।
गनीमत यह रही कि इस प्रशासनिक और तकनीकी गड़बड़ी का असर दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं पर नहीं पड़ने दिया गया। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट और प्रशासन ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए किसी भी श्रद्धालु को दर्शन करने से नहीं रोका।
फर्जी पास लेकर पहुंचे श्रद्धालुओं को भी सुगमतापूर्वक भगवान रामलला के दर्शन कराए गए। फिलहाल, आईटी एक्सपर्ट्स की टीम हैकिंग के स्रोत (IP Address) का पता लगाने और सुरक्षा खामियों को दुरुस्त करने में जुट गई है, ताकि भविष्य में इस तरह की सेंधमारी दोबारा न हो सके।